समाज और पार्टी में सामंजस्य को लेकर चर्चित हुए थे जय सिंह यादव

समाज और पार्टी में सामंजस्य को लेकर चर्चित हुए थे जय सिंह यादव 

राहुल पांडे 'अविचल' 

बीरापुर/रानीगंज, प्रतापगढ़। जब सिद्धांत आपस में टकराने लगे तो सामंजस्य बिठाना बहुत कठिन होता है। मंडल आयोग की रिपोर्ट जब संसद में लागू हो रही थी तो उस समय राजीव गांधी ने उसका विरोध किया। राजीव गांधी पूरी रिपोर्ट को खारिज करना चाहते थे मगर यह कार्य सरल नहीं था। इसके बावजूद भी संसद में लगातार तीन घण्टे उन्होंने मंडल आयोग की रिपोर्ट के विरुद्ध बोला और सवर्णों के पक्ष में किसी भी नेता द्वारा संसद में बोला गया यह आजादी से लेकर अब तक का सबसे लंबा वक्तव्य है। राममंदिर आंदोलन ने सवर्णों के मन में राजीव गांधी के प्रति जो स्नेह उत्पन्न हुआ था उसे खत्म कर दिया था। उत्तर प्रदेश और बिहार में कई नेताओं का उदय हो गया। मुलायम सिंह, लालू प्रसाद और नितीश कुमार आदि मंडल आयोग की देन हैं। दिनांक 07 अगस्त 1990 को मंडल आयोग की सिफारिश संसद में लागू होने के बाद कांग्रेस पार्टी ने विरोध यात्रा निकाली तो पिछड़ा वर्ग समुदाय ने स्वागत में यात्रा निकाली थी। वर्ष 1980 के लोकसभा चुनाव में लोकदल पार्टी से प्रतापगढ़ लोकसभा में दूसरे स्थान पर रहने वाले जय सिंह यादव ने बीरापुर विधानसभा से वर्ष 1989 का विधानसभा चुनाव जीत लिया था। जय सिंह यादव कांग्रेस पार्टी द्वारा आयोजित विरोध यात्रा और ओबीसी समुदाय द्वारा आयोजित स्वागत यात्रा की अगुवाई करके पूरे प्रदेश में चर्चित हुए। कांग्रेस पार्टी ने उन्हें नोटिस भेजकर पूंछा कि आप ओबीसी समुदाय द्वारा आयोजित स्वागत यात्रा में क्यों शामिल हुए। बीरापुर विधायक जय सिंह यादव ने बताया कि कांग्रेस पार्टी का विधायक होने के कारण उन्होंने मंडल आयोग की रिपोर्ट लागू होने का विरोध किया और ओबीसी समुदाय में जन्म लेने के कारण मंडल आयोग की रिपोर्ट लागू होने का स्वागत किया। जय सिंह यादव ने उसके बाद भी कई बार चुनाव लड़ा लेकिन सफल नहीं हुए। अचानक इस वाकये का जिक्र इसलिए करना उचित समझा कि मेरी मुलाक़ात कुछ ऐसे कर्मचारियों और शिक्षकों से हुई जिसके संस्कार और संस्कृति में भाजपा समाहित है। उन्होंने बताया कि वह भाजपा के समर्थक व मतदाता रहे हैं तथा एक नागरिक के रूप में आज भी भाजपाई हैं लेकिन एक कर्मचारी होने के कारण अखिलेश यादव का समर्थन कर रहे हैं। इन सबकी बात सुनकर जयसिंह यादव के कृत्य आप सबसे साझा करने की इच्छा हुई।

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